RADHEKRISHNA SHAYARI 2 LINE IN HINDI 002

0



RADHEKRISHNA SHAYARI 2 LINE IN HINDI 002

 

हेल्लो दोस्तों आज हम लेकर आये है राधे कृष्णा की 2 लाइन की शायरी और आपके लिए
बहुत ही अच्छे अच्छे दिल को छू जाने वाले ज्ञान से भरे ज्ञान वर्धक अनमोल वचन जिसको
पढने से हो सकता है आपकी जिन्दगी में बहुत सारे बदलाव आये आपकी 
जिन्दगी अच्छी हो जाए, किसी की निराश जिन्दगी इन अनमोल वचन की वजह से अच्छी हो जाये
तो कहना ही कया हमारा उदेश्य लोगों तक अच्छी अच्छी शायरी, अनमोल वचन ,जिन्दगी के विचार ,प्रेम के 
अनमोल वचन और भी बहुत कुछ, दोस्तों अगर आपको बातें ,अनमोल वचन अच्छे लगे या कोई सुझाव 
देना चाहते हो तो कमेंट जरुर करे




कान्हा हरदम मेरे साथ है फिर क्या कमी है,

विरह में नहीं, प्रेम की वजह से आखों में नमी है...!!!


राधा-कृष्ण की प्रेम कभी अधूरी नहीं रही,

वो हमेशा साथ रहे उनमें कोई दूरी नहीं रही...!!!!


प्रेम में प्रेमियों की आत्मा एक हो जाती है,

कोई बताएगा राधा से कृष्ण कब बिछड़े..!!!


पाने को ही प्रेम कहे,

जग की ये है रीत,

प्रेम का सही अर्थ समझायेगी, राधा-कृष्णा की प्रीत...!!!


हमने प्रेम में कितनी बाधा देखी,

फिर भी कृष्ण के साथ राधा देखी..!!!


तेरा हर फैसला है मंजूर मुझे,

हे मेरे कान्हा मुझे तुझ पर विश्वास है...!!!


बड़ी उम्मीद से तेरी गलियों की,

औरफिर बढ़ चले हे हम,

हे मेरे श्री कृष्ण तेरे सिवा,

हमारा कोई नही है,

इस लिए तेरे दर पर आ खड़े है हम...!!!





कृष्णा के दिल में हर वक़्त राधा ही रहती है,

और राधा भी कृष्णा से जुदा होकर,

कान्हा कान्हा नाम लेती है...!!!





आकर्षण वाला प्रेम कभी भी हो सकता है,

परन्तु समर्पण वाले प्रेम को पाने में पूरा

जमाना बीत जाता है...!!!





श्री कृष्ण कहते है मनुष्य को जीवन में,

श्रेष्ट बनने का प्रयास आवश्य करना चाहिए,

परन्तु जीवन में हमेशा उत्तम ही रहना चाहिए..!!!

 

एक टिप्पणी भेजें

0टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें (0)